कुशीनगर में यूरिया संकट: किसान परेशान, सरकार के दावे फेल

कुशीनगर, 17 जुलाई 2025
जनपद कुशीनगर के किसान इन दिनों भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। किसान सुविधा केंद्रों पर यूरिया खाद पूरी तरह से नदारद है। मजबूर किसान सरकारी केंद्रों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन वहां सिर्फ निराशा हाथ लग रही है। वहीं प्राइवेट दुकानों पर ब्लैक मार्केट के जरिए खाद ऊँचे दामों में धड़ल्ले से बेचा जा रहा है।
राज्य सरकार का दावा है कि खाद की कोई कमी नहीं है और पर्याप्त मात्रा में यूरिया उपलब्ध है, लेकिन जमीनी सच्चाई इससे कोसों दूर है। किसान शिकायत कर रहे हैं कि एक बोरी यूरिया भी सरकारी केंद्रों से नहीं मिल रही जबकि प्राइवेट विक्रेता उससे दोगुनी कीमत वसूल कर रहे हैं।
इस संकट पर जदयू के कुशीनगर जिलाध्यक्ष अमरजीत सिंह पटेल ने उत्तर प्रदेश सरकार को चेताते हुए कहा,
“खाद किसान की सबसे आवश्यक आवश्यकता है। जब वही समय पर नहीं मिले और उसकी कालाबाजारी हो रही हो, तो यह दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है। सरकार को तत्काल संज्ञान लेकर कठोर कार्रवाई करनी चाहिए।”
ग्रामीण क्षेत्रों के किसान चिंतित हैं कि यदि जल्द ही खाद की आपूर्ति सुचारू नहीं हुई, तो खरीफ की फसलों को भारी नुकसान होगा। कई किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि खाद वितरण की निगरानी ईमानदारी से की जाए ताकि कालाबाजारी पर लगाम लगे।
(रिपोर्ट: एन सहानी, कुशीनगर)