ऑपरेशन के बाद प्रसूता की मौत, परिजनों ने डाक्टर विवेक सिंह पर लापरवाही का लगाया आरोप
कसया, कुशीनगर। कसया स्थित हंसराज हॉस्पिटल में प्रसव के लिए भर्ती कराई गई 28 वर्षीय महिला की ऑपरेशन के बाद मौत हो गई। घटना के बाद पीड़ित सिपाही प्रमोद यादव अपने परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन और चिकित्सकों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है।
घटना से आक्रोशित परिजन अस्पताल परिसर में डटे हुए है।
जानकारी के अनुसार बलिया धनपलिया, थाना कोतवाली बांसडीह निवासी अनु यादव (28) की शादी कुशीनगर जनपद में वर्ष 2016 बैच के कांस्टेबल प्रमोद कुमार यादव से हुई थी। प्रमोद कुमार यादव वर्तमान में थाना पर्यटन में तैनात बताए जा रहे हैं।
परिजनों के मुताबिक अनु यादव गर्भवती थीं और प्रसव के लिए उन्हें कसया स्थित हंसराज हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। ऑपरेशन के बाद उन्होंने एक बच्ची को जन्म दिया। बच्ची के जन्म के कुछ समय बाद ही अनु की तबीयत अचानक बिगड़ गई और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
महिला की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा करते हुए इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया। परिजनों का कहना है कि घटना के बाद अस्पताल संचालक मौके से चले गए और अस्पताल बंद कर दिया गया।
मामले की सूचना मिलने पर थाना कसया के थानाध्यक्ष इत्यांनंद पाण्डेय पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। मृतका के पति प्रमोद यादव और उनके परिजनों ने पुलिस को तहरीर देकर मामले की जांच कराकर कथित रूप से लापरवाही बरतने वाले चिकित्सक के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किए जाने की मांग की है।
स्वास्थ्य विभाग ने जांच के लिए भेजी टीम
मामले में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. चंद्रप्रकाश से बातचीत की गई। उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से दो चिकित्सकों की टीम को उक्त अस्पताल में जांच के लिए भेजा गया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सीएमओ ने बताया कि अस्पताल पंजीकृत है और वहां योग्य एवं अनुभवी चिकित्सक की तैनाती की जानकारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रसूता की मौत की परिस्थितियों की जांच कराई जा रही है और जांच में यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल प्रसूता की मौत के वास्तविक कारण और इलाज में किसी प्रकार की चिकित्सकीय लापरवाही हुई या नहीं, यह स्वास्थ्य विभाग की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा। घटना ने निजी अस्पतालों में प्रसव एवं आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं।
घटना स्थल पर सीएमओ कार्यालय से नामित जांच टीम हंसराज हॉस्पिटल पर पहुंच पीड़ित मृतका अनु देवी के पति प्रमोद यादव से उनका बयान रिकॉर्ड किया।
जांच टीम में कसया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी डॉo मार्कण्डेय त्रिपाठी के अलावा अन्य कई डाक्टर मौजूद रहे।
सिपाही चिल्लाता रहा नहीं किया गया रेफर मौत होने के बाद हॉस्पिटल बंद कर जिम्मेदार फरार उधर एफ आई आर दर्ज के लिए थानाध्यक्ष इत्यांनंद पाण्डेय को तहरीर दी FIR करे या हमारा पुलिस पद से इस्तीफा स्वीकार करें।
मौके पर सीओ डाoअजय कुमार सिंह,उपनिरीक्षक राजेश यादव, थानाध्यक्ष पर्यटक शरद भारती, चौकी प्रभारी पंकज सिंह ,के अलावा ढेरों सारे पुलिस कर्मी मौजूद रहे।