ट्रांसफार्मर दुर्घटना के पीड़ितों को हरसंभव सहायता उपलब्ध करा रहा जिला प्रशासन, लापरवाही पर अवर अभियंता निलंबित

ट्रांसफार्मर दुर्घटना के पीड़ितों को हरसंभव सहायता उपलब्ध करा रहा जिला प्रशासन, लापरवाही पर अवर अभियंता निलंबित
कुशीनगर, 22 जून। जनपद के विकासखंड पडरौना अंतर्गत ग्राम कोहड़ा में हुए ट्रांसफार्मर विस्फोट प्रकरण को जिला प्रशासन एवं विद्युत विभाग ने गंभीरता से लिया है। जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर के निर्देश पर घायल पीड़ितों को तत्काल राहत एवं बेहतर उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। वहीं प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अवर अभियंता को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
अपर जिलाधिकारी वैभव मिश्रा एवं क्षेत्राधिकारी ने घटनास्थल का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लिया। अपर जिलाधिकारी ने बताया कि प्रभावित परिवारों को शासन की मंशा के अनुरूप हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा भी आवश्यक सहयोग प्रदान करने का आश्वासन दिया गया है। जिला अस्पताल में भर्ती घायलों के उपचार एवं स्वास्थ्य की लगातार निगरानी की जा रही है।
ग्राम कोहड़ा निवासी उपेन्द्र तिवारी सहित अन्य ग्रामीणों ने जनता दर्शन एवं जनसुनवाई में शिकायत दर्ज कराई थी कि गांव में सड़क किनारे स्थापित जर्जर ट्रांसफार्मर की खराब स्थिति की जानकारी पिछले चार माह से लगातार संबंधित अधिकारियों को दी जा रही थी, लेकिन समय रहते कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। शिकायत के अनुसार 22 जून 2026 को सुबह लगभग 9:30 बजे ट्रांसफार्मर में जोरदार विस्फोट हो गया, जिससे पास स्थित एक मकान में आग लग गई।
इस हादसे में चार लोग झुलसकर घायल हो गए, जिनमें दो की हालत गंभीर बताई गई है। घटना के बाद प्रशासन द्वारा राहत एवं बचाव कार्य तत्काल शुरू किया गया तथा घायलों को उपचार हेतु अस्पताल भेजा गया।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए अधीक्षण अभियंता विद्युत वितरण मंडल कुशीनगर राकेश मोहन ने संबंधित अवर अभियंता अरविन्द मणि त्रिपाठी, 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्र कुबेरस्थान को अपने दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही का दोषी मानते हुए तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में उन्हें विद्युत वितरण खंड कसया कार्यालय से संबद्ध किया गया है तथा नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।
इसके अतिरिक्त अधीक्षण अभियंता द्वारा अधिशासी अभियंता विद्युत वितरण खंड पडरौना को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। पूरे मामले की विस्तृत जांच कराई जा रही है।
विद्युत विभाग ने स्पष्ट किया है कि जनसुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

Related Post

Leave a Comment