
पूर्वी उत्तर प्रदेश में लू का प्रकोप जारी, मानसून के आगमन के लिए परिस्थितियां अनुकूल
रिपोर्ट : के. एन. साहनी, गोरखपुर/कुशीनगर
पूर्वी उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी और उष्ण लहर (लू) का असर लगातार बना हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में मौसमी गतिविधियां फिलहाल सीमित हैं, जिसके चलते तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। मंगलवार को बांदा देश का सबसे गर्म शहर रहा। इसके साथ ही बांदा, फतेहपुर, प्रयागराज, वाराणसी, गाजीपुर, सुल्तानपुर, लखीमपुर खीरी तथा बहराइच समेत पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिले लू की चपेट में रहे।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार प्रदेश में प्रभावी मौसमी गतिविधियों के अभाव में आगामी 27 जून तक पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में उष्ण लहर की स्थिति बनी रह सकती है। लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने तथा पर्याप्त मात्रा में पानी पीने की सलाह दी गई है।
हालांकि राहत की खबर यह है कि 28 जून से प्रदेश में वर्षा का नया दौर शुरू होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में वर्षा की गतिविधियों में क्रमिक वृद्धि होगी, जिससे दक्षिण-पश्चिम मानसून के उत्तर प्रदेश में आगे बढ़ने के लिए अनुकूल परिस्थितियां बनेंगी।
जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार मानसून के आगमन के लिए मौसम की परिस्थितियां अनुकूल प्रतीत हो रही हैं। उन्होंने नागरिकों से अपील की है कि भीषण गर्मी और लू के दौरान सतर्क रहें तथा स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों का पालन करें। उन्होंने कहा कि मौसम एक प्राकृतिक विषय है और बदलती परिस्थितियों पर प्रशासन लगातार नजर बनाए हुए है।
मानसून की संभावित सक्रियता को देखते हुए किसानों और आमजन में भी राहत की उम्मीद बढ़ गई है। यदि मौसम विभाग का पूर्वानुमान सही साबित होता है तो जून के अंतिम सप्ताह में प्रदेश को गर्मी से काफी हद तक राहत मिल सकती है।
